यह पुस्तक कई उल्लेखनीय निवेशकों के बेहद धैर्य, उदारता के भाव और खुलेपन के बिना नहीं लिखी जा सकती थी, जिन्होंने मुझे अपने अंतर्ज्ञान और अनुभव बताए। कुछ मामलों में हम कई दिन साथ रहे। बाक़ी ने कई सालों तक असंख्य बार मुझसे बात की। उन्होंने ख़ुशी - ख़ुशी अपने घर और ऑफ़िस में मेरा स्वागत किया, मुझे अपने साथ यात्रा करने की अनुमति दी, अपनी आपदाओं और चुनौतियों के बारे में स्पष्टता से बात की और एक अविस्मरणीय प्रकरण में तो मेरे अवचेतन मन की दोबारा प्रोग्रामिंग करने की कोशिश में मुझे सम्मोहित भी किया। मैं उन सभी निवेशकों के प्रति गहराई से कृतज्ञ हूँ, जिन्होंने मुझे वे सबसे मूल्यवान सबक़ बताए, जो उन्होंने इस बारे में सीखे थे कि बुद्धिमत्तापूर्ण तरीक़े से निवेश कैसे करना है, तार्किक तरीक़े से कैसे सोचना है, विपत्ति से कैसे उबरना है और एक आनंदित तथा संतुष्टिदायक जीवन की संभावनाओं को कैसे बढ़ाना है। असाधारण रूप से अंतर्ज्ञानी निवेशकों की लंबी सूची है, जिनकी सोच ने इस पुस्तक को बहुत समृद्ध किया है। ख़ास तौर पर मैं चार्ली मंगर, एड थोर्प, हॉवर्ड मार्क्स, जोएल ग्रीनब्लाट, बिल मिलर, मोहनीश पबरई, टॉम गेनर, गाई स्पायर, फ़्रेड मार्टिन, केन शुबिन स्टाइन, मैथ्यू मैकलेनन, जेफ़्री गड़लाक, फ़्रांसिस चाउ, थायरा जेरहुसन, थॉमस रूसो, चक एकर, लाइ लू, पीटर लिंच, पैट डोर्सी, माइकल प्राइस, मैसन हॉकिन्स, बिल एकमैन, जेफ़ विनिक, मारियो बैबेली, लॉरा गेरिट्ज, ब्रायन मैकमोहन, हेनरी एलनबोगन, डोनाल्ड याक्टमैन, बिल नाइग्रेन, पॉल लाउंटजिस, जैसन कार्प, विल डेनॉफ, फ़्रांस्वाँ रोशोन, जॉन स्पियर्स, जोएल टिलिंगास्ट, कैस ज़कारिया, निक स्लीप, पॉल इसाक, माइक जोटा, पॉल यैबलॉन, व्हिटनी टिल्सन, फ्रांस्वाँ - मैरी वोयसिक, सारा केटरर, क्रिस्टोफ़र डेविस, रामदेव अग्रवाल, अरनॉल्ड वैन डेन